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जिलाधिकारी ने अचानक तहसील सदर मे छापा मारा

Posted on 10 September 2010 by admin

निजी वाहन से अचानक पहुँच कर आम आदमी की तरह व्यवस्थाओं को देखा

आगरा - जिलाधिकारी अमृत अभिजात ने आज निजी वाहन से तहसील सदर में अचानक पहुंचकर निरीक्षण किया और व्यवस्था में सुधार हेतु निर्देश दिये। उन्होंने गैर सरकारी व्यक्ति को प्रमाण पत्र, जारी करते हुए मौके पर पकडा । उन्होंने तहसील परिसर स्थित रजिस्ट्री कार्यालय का भी निरीक्षण किया।

श्री अभिजात आज पूर्वान्ह में बिना कोई सूचना दिये अपने प्राइवेट वाहन से गोपनीय ढंग से अचानक तहसील सदर पहुंचे और आम आदमी की तरह व्यवस्थाओं का जायजा लिया। उन्होंने रजिस्ट्री दफ्तर में सफाई तथा अन्य व्यवस्थाओं में सुधार लाने हेतु कडे निर्देश दिये। तत्तपश्चात अचानक प्रमाण पत्र जारी करने वाले सहायक की सीट पर पहुंचे तब तक जिलाधिकारी के भ्रमण की किसी को खबर नही थी। उन्होंने सीट पर एक गैर सरकारी व्यक्ति को कार्यरत देखकर जानकारी प्राप्त की और कडाई से पूछताछ की और उसे अपने साथ कलक्ट्रेट लाकर एस.डी.एम. को सौंप कर एफआईआर दर्ज कराकर प्रभावी कार्यवाही के निर्देश दिये। उन्होंने पटल सहायक दुलीचन्द के विरूद्व भी कार्यवाही हेतु पत्रावली प्रस्तुत करने के निर्देश दिये।

जिलाधिकारी ने कडे निर्देश दिये कि अधिकारी/ कर्मचारी जन समस्याओं के प्रति संवेदनशील रहें और अपने स्तर पर कार्यो को अनावश्यक रूप से पेण्डिंग न रखें ।

सुरेन्द्र अग्निहोत्री
मो0 9415508695
upnewslive.com

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डी.एम. ने कराया सरकारी कार्यालयों का औचक निरीक्षण:246 कर्मचारी अनुपस्थित मिले

Posted on 10 September 2010 by admin

आगरा - जिलाधिकारी अमृत अभिजात के निर्देश पर आगरा जनपद के विभिन्न राजकीय कार्यालयों का मजिस्ट्रेटों द्वारा औचक निरीक्षण कराया गया जिसक अन्तर्गत अपर जिलाधिकारी(वि0/रा0) राम आसरे द्वारा कलेक्ट्रेट, मनोरंजन कर, जिला आबकारी तथा कोषागार का निरीक्षण किया गया, जहॉ पर सभी उपस्थित मिले। मुख्य विकास अधिकारी द्वारा विकास भवन का निरीक्षण किया गया, जिसमें 04 अनुपस्थित मिले। नगर आयुक्त ने नगर निगम का निरीक्षण किया जिसमें उन्हें 16 अनुपस्थित मिले। डिप्टी कलेक्टर विनोद कुमार शर्मा द्वारा लोक निमार्ण विभाग जिसमें 33 अनुपस्थित मिले, डिप्टी कलेक्टर राजेन्द्र कुमार को जल निगम में 07 अधिकारी/कर्मचारी अनुपस्थित मिले, नगर मजिस्ट्रेट चन्द्रशेखर को एस0एन0 मेडिकल कॉलेज इमरजेंसी में 03 , बाल रोग विभाग में 05 , ओपीडी में 03 सायकेट्री विभाग मे02 सर्जरी विभाग में 05 मेडिसीन विभाग में 06 अनुपस्थित मिले। अपर नगर मजिस्ट्रेट धमेन्द्र सिंह को जिला विद्यालय निरीक्षक कार्यालय मे 07, व्यापार कर कार्यालय में 07 अनुपस्थित मिले। अपर नगर मजिस्ट्रेट अनिल कुमार मिश्र को मुख्य चिकित्साधिकारी कार्यालय में 04, अधीक्षण अभियन्ता, सिंचाई के यहॉ 13 अनुपस्थित मिले अपर नगर मजिस्ट्रेट धर्मपाल सिंह को दक्षिणंाचल विद्युत वितरण निगम लि0 में 48, सम्भागीय परिवहन कार्यालय में 28, संयुक्त विकास परिशद में 12 आवास विकास परिद(छश्टम) में 11 कर्मचारी अनुपस्थित मिले, अपर निगर मजिस्ट्रेट अनिल कुमार को जल संस्थान में 02, परियोजना प्रबन्धक, यमुना प्रदूशण नियन्त्रण इकाई कार्यालय में 24 अनुपस्थित मिले।

जिलाधिकारी ने कर्मचारियों की अनुपस्थित पर रो प्रकट करते हुए कार्यालयध्यक्षों को कर्मचारियों से तीन दिन में स्पश्टीकरण प्राप्त करते हुए आख्या प्रस्तुत करने के निर्देश दिये है। उन्होंने अधिकारियों को प्रभावी पर्यवेक्षण तथा अधीनस्थों पर प्रभावी नियन्त्रण बनाये रखने के निर्देश दिये।

सुरेन्द्र अग्निहोत्री
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जिले में खाद की कमी नहीं - सी0डी0ओ0

Posted on 10 September 2010 by admin

बुबाई से पूर्व मिट्टी का परीक्षण करायें

आगरा - जनपद के समस्त कृक बन्धुओं को सूचित किया जाता है कि वर्तमान में सहकारिता एवं निजी सेवा में किसी भी उर्वरक की कोई कमी नहीं है। खरीफ 2010-11 हेतु शासन द्वारा यूरिया-26000, डी0 ए0 पी0-10,000, एन0पी0के0-11,000 एवं पोटाश-4600 मैट्रिक टन उर्वरक वितरण के लक्ष्य निर्धारित किये गये थे, जिनके सापेक्ष अब तक यूरिया-30779, डी0ए0पी0-23547, एन0पी0के0 10101 एवं पोटाश 6575 मैट्रिक टन की उपलब्धता सुनिश्चित हो चुकी है। जिसमें से 9178 मैट्रिक टन डी0ए0पी एवं 4100 मैट्रिक टन एन0पी0के0 उर्वरक पी0सी0एफ0 वफर में सुरक्षित भण्डारित है, जिसे रवी फसलों की बुवाई के समय शासन द्वारा अवमुक्त कर दिया जायेगा।

मुख्य विकास अधिकारी राजकुमार श्रीवास्तव ने जनपद के समस्त कृक बन्धुओं से अपील की है कि वह किसी भी प्रकार की अफवाहों से भ्रमित न हों, और समय से पूर्व अनावश्यक रूप से उर्वरकों का भण्डारण न करें, क्योंकि भविश्य में भी सभी उर्वरकों की नियमित रूप से रैक आना जारी है। किसी भी स्थिति में किसी उर्वरक की कोई कमी नही रहने दी जायेगी। उन्होंने कृक बन्धुओं को सलाह दी है कि वह अपने खेत की मिट्टी का परीक्षण अवश्य करा लें तथा जिस तत्व की कमी है के आधार पर सभी पोशक तत्वों का प्रयोग करें ताकि उत्पादन में वृद्वि हो सके।

सुरेन्द्र अग्निहोत्री
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प्रधानमन्त्री रोजगार सृजन कार्यक्रम योजना शुरू

Posted on 10 September 2010 by admin

आगरा -  भारत सरकार द्वारा रोजगार सृजन हेतु उद्यम स्थापित करने हेतु प्रधानमन्त्री रोजगार सृजन कार्यक्रम योजना प्रारम्भ की गई है।

महाप्रबन्धक जिला उद्योग केन्द्र आगरा ने बताया कि इस योजना में शहरी क्षेत्र के तथा ग्रामीण क्षेत्र के लिए आवेदन पत्र जिला उद्योग केन्द्र नुनिहाई से दिनांक 08 सितम्बर 14 सितम्बर 2010 तक किसी भी कार्य दिवस में प्रात: 11 बजे से अपरान्ह 3 बजे तक प्राप्त व जमा किये जा सकते है।

उन्होंने बताया कि रोजगार सृजन हेतु उद्यम स्थापित करने के लिए बैंको द्वारा शर्तो के अधीन उनके माध्यम से ऋण सुविधा उपलब्ध करायी जायेगी। जिसके अन्तर्गत सामान्य जाति के आवेदकों को परियोजना लागत का 10 प्रतिशत तथा अनु0जाति/अनु0 जनजाति, पिछडी जाति, महिला, विकलांग, अल्पसंख्यक तथा भूतपूर्व सैनिकों को परियोजना लागत का 5 प्रतिशत अंशदान लगाना होगा। विस्तृत जानकारी के लिए कार्यालय में सम्पर्क कर सकते है।

सुरेन्द्र अग्निहोत्री
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रोजगार मेला 15 सितम्बर को

Posted on 10 September 2010 by admin

आगरा - क्षेत्रीय सेवायोजन कार्यालय सांई की तकिया, एम0 जी0 रोड आगरा के परिसर में दिनांक  15 सितम्बर 2010 को प्रात: 10 बजे से रोजगार मेले का आयोजन किया जायेगा।

क्षेत्रीय सेवायोजन अधिकारी राजीव कुमार यादव ने बताया कि इस रोजगार मेले में जय कॉर्प लि0 वसोना (सिलवासा) निकट वायी गुजरात द्वारा प्रशिक्षु वर्क मैन के 100 पदों हेतु योग्यता कक्षा 2 से 9 पास तक (हाईस्कूल फेल तक) आयु 18 से 28 वर्ष के अभ्यर्थियों में से भर्ती की जायेगी।

उन्होंने बताया कि इच्छुक अभ्यर्थी अपना आवेदन पत्र दिनांक: 14 सितम्बर 2010 दिन मंगलवार तक कार्यालय के कक्ष सं0 08 में जमा करके अपना रौल नं0 प्राप्त कर लें। चयन साक्षात्कार हेतु दिनांक: 15 सितम्बर 2010 दिन बुधवार प्रात: 10 बजे सभी मूल प्रमाण पत्रों, नवीनतम चार फोटो, पहचान पत्र एवं रोल0 नं0 स्लिप के साथ कैम्पस चयन हेतु उपस्थित हों। इसी दिन भर्ती की कार्यवाही पूर्ण की जायेगी।

सुरेन्द्र अग्निहोत्री
मो0 9415508695
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नये जनपदों के लिए सृजित किये गये समस्त पदों को तत्काल भरा जाये

Posted on 10 September 2010 by admin

धान खरीद की सभी तैयारियां समय से करने के सख्त निर्देश

सरकारी अस्पतालों में किये जाने वाले ऑपरेशनों की स्थिति में तुरन्त सुधार लाया जाये

अपेक्षित समय में नर्सो की नियुक्ति बिना किसी देरी के करने के निर्देश

लखनऊ  -   उत्तर प्रदेश की मुख्यमन्त्री सुश्री मायावती ने कहा है कि इस वर्ष खरीफ में रिकार्ड उत्पादन के लिए सभी आवश्यक व्यवस्थायें सुनिश्चित करायी जायें। उन्होंने कहा है कि जिन जनपदों में कम वर्षा के कारण बुआई प्रभावित हुई है, वहां वैकल्पिक व्यवस्था के तहत कम पानी वाले फसलों के बीज उपलब्ध कराया जाये, ताकि खरीफ के उत्पादन में कमी न रहे। इसी प्रकार जिन क्षेत्रों में बाढ़ के कारण फसलें नष्ट हो गई हैं, वहां पानी उतरने के बाद देर से बोई जाने वाली फसलों के बीज किसानों को मुहैया कराये जायें।

मुख्यमन्त्री ने यह निर्देश आज उस समय दिये जब योजना भवन में आयोजित प्रमुख सचिवों/सचिवों की बैठक के उपरान्त कैबिनेट सचिव श्री शशांक शेखर सिंह, मुख्य सचिव श्री अतुल कुमार गुप्ता तथा अपर कैबिनेट सचिव श्री नेत राम ने बैठक के  निष्कर्षो से उन्हें अवगत कराया।

सुश्री मायावती ने कृषि विभाग की समीक्षा करते हुए कहा कि खरीफ के दौरान उर्वरक की उपलब्धता हर हालत में बनायी रखी जाये। नेपाल से लगी सीमा में खाद की तस्करी की चर्चा करते हुए उन्होंने निर्देश दिये कि इसे कठोरता से रोका जाये तथा यह भी सुनिश्चित किया जाये कि नेपाल से लगे प्रदेश के जनपदों में मांग से अधिक उर्वरक उपलब्ध न करायी जाये। उन्होंने कहा कि मृदा परीक्षण तथा मृदा स्वास्थ्य कार्ड के आंकड़ो में भारी अन्तर है, इससे स्पष्ट है कि किसानों को मृदा परीक्षण की रिपोर्ट समय से नहीं मिल रही है। उन्होंने निर्देश दिये कि मृदा परीक्षण के निश्चित समय बाद किसान को मृदा स्वास्थ्य कार्ड सुलभ करा दिये जाये। उन्होंने कहा कि यद्यपि इस वर्ष किसानों को पिछली बार की अपेक्षा 50 फीसदी अधिक फसली ऋण का वितरण किया गया है, परन्तु अभी इसमें सुधार की काफी गुंजाइश है। उन्होंने कहा कि इसके लिए किसानों को लक्ष्य के अनुरूप किसान क्रेडिट कार्ड शिविर लगाकर वितरित किये जाने चाहिए।

मुख्यमन्त्री ने किसानों की आय दोगुनी करने की राज्य सरकार की योजना की समीक्षा करते हुए कहा कि प्रत्येक फसल के बाद आंकलन कराया जाये कि किसानों की आमदनी में कितनी वृद्धि हुई। इसके लिए आवश्यक मापदण्ड भी तय किये जायें। उन्होंने प्रमुख सचिव कृषि को निर्देश दिये कि किसानों के लिए चलाई जा रही योजनाओं की प्रगति तथा उनके क्रियान्वयन की स्थिति का जायजा लेने के लिए वे स्वयं सप्ताह में दो दिन गांवों का भ्रमण करें। सहकारी समितियों को मजबूत करने के लिए वैद्यनाथन कमेटी की संस्तुतियों के अनुरूप केन्द्र सरकार से धनराशि प्राप्त करने के निर्देश देते हुए उन्होंने कहा कि सहकारी समितियो के माध्यम से किसानों को आवश्यक कृषि निवेश आदि की सुविधा सुलभ करायी जाये। उन्होंने यह भी निर्देश दिये कि धान खरीद की प्रभावी व्यवस्था की जाये और इसके लिए सभी आवश्यक तैयारियां समय से पूरी कर ली जायें। उन्होंने कहा कि किसानों को उनकी उपज का पर्याप्त एवं लाभकारी मूल्य मिलना चाहिए। उन्होंने हिदायत दी कि धान क्रय के समय किसानों का उत्पीड़न कतई बर्दाश्त नहीं किया जायेगा।

मुख्यमन्त्री ने कहा कि किसानों के हित में राज्य सरकार द्वारा भूमि अधिग्रहण के मामले में किसानों के पुनर्वास के लिए नई नीति घोषित कर दी गई है। उन्होंने कहा कि सरकार की इस नीति के तहत किसानों को समुचित लाभ दिलाया जाये। उन्होंने भूमि अधिग्रहण से प्रभावित होने वाले किसानों का पूरा विवरण एकत्रित करने के भी निर्देश दिये।

सुश्री मायावती ने बाढ़ प्रभावित क्षेत्रों की समीक्षा करते हुए निर्देश दिये कि बाढ़ से हुई क्षति का आंकलन प्राथमिकता से कराया जाये। बाढ़ से पीड़ित लोगों को नियमानुसार अहेतुक सहायता का वितरण भी शीघ्र किया जाये। इसके अलावा बाढ़ ग्रस्त क्षेत्रों में क्षतिग्रस्त मार्गो एवं आधारभूत सुविधाओं की मरम्मत जल्द करायी जाये। उन्होंने बाढ़ग्रस्त क्षेत्रों में किसी भी प्रकार की बीमारी फैलने से रोकने के लिए चिकित्सा विभाग तथा पशुपालन विभाग को त्वरित कार्यवाही करने के निर्देश दिये। उन्होंने कहा कि बाढ़ग्रस्त क्षेत्रों में बीमारी फैलने पर अपर निदेशक स्वास्थ्य सीधे जिम्मेदार होंगे।

मुख्यमन्त्री ने सरकारी अस्पतालों की कार्य-प्रणाली की समीक्षा करते हुए कहा कि इसमें और अधिक सुधार की आवश्यकता है। उन्होनें अस्पतालों में किये जाने वाले ऑपरेशनों की स्थिति में तुरन्त सुधार लाने का निर्देश देते हुए कहा कि सरकारी अस्पतालों में नर्सो की काफी कमी है जिन्हें तत्काल भरने की व्यवस्था की जाये। उन्होंने सरकारी अस्पतालों में उपलब्ध स्वास्थ्य सुविधाओं का पूरी क्षमता से उपयोग करने के निर्देश देते हुए कहा कि आम जनता को अच्छी स्वास्थ्य सुविधाएं उपलब्ध करायी जानी चाहिए।

सुश्री मायावती ने उ0प्र0 मुख्यमन्त्री महामाया गरीब आर्थिक मदद योजना की समीक्षा करते हुए कहा कि इस महत्वाकांक्षी योजना के लिए तैयार की गई समय-सारणी का कठोरता से पालन किया जाये। उन्होंने कहा कि इस योजना में लाभार्थियों के चयन में किसी भी प्रकार की गड़बड़ी को बर्दाश्त नहीं किया जायेगा। उन्होंने कहा कि समय-समय पर इस योजना की समीक्षा मौके पर शासन स्तर के अधिकारी भेजकर करायी जाये।    बेसिक एवं माध्यमिक शिक्षा को स्कूलों में शिक्षकों की कमी की चर्चा करते हुए मुख्यमन्त्री ने निर्देश दिये कि शिक्षकों के पदों को भरने की कार्यवाही तेज की जाये। उन्होंने बाढ़ प्रभावित क्षेत्रों के छात्रों की समस्याओं को गम्भीरता से लेेते हुए माध्यमिक शिक्षा विभाग को निर्देश दिये हैं कि प्रभावित क्षेत्रों के बोर्ड के छात्रों के पंजीयन के लिए पर्याप्त समय दिया जाये। उन्होंने बेसिक शिक्षा की गुणवत्ता सुधारने के भी निर्देश दिये हैं। मध्याह्न भोजन योजना की समीक्षा करते हुए उन्होंने कहा कि इसकी गुणवत्ता से समझौता नहीं किया जाना चाहिए। उन्होंने कहा कि इस योजना के तहत प्रदेश के किसी भी क्षेत्र में खाद्य-पदार्थो की कमी नहीं होनी चाहिए। उन्होंने अधिकारियों को निर्देश दिये कि वे समय रहते इनके स्टाक की समीक्षा प्रत्येक दशा में सुनिश्चित करें।

ग्राम्य विकास विभाग एवं मनरेगा की समीक्षा करते हुए सुश्री मायावती ने कहा कि इन योजनाओं का लाभ गुणवत्ता के साथ लाभार्थियों को मिलना चाहिए। उन्होंने कहा कि गरीब जनता से जुड़ी इन योजनाओं में भ्रष्टाचार बर्दाश्त नहीं किया जायेगा। उन्होंने कहा कि अम्बेडकर ग्राम सभाओं में सोलर स्ट्रीट लाइट की व्यवस्था शीघ्र करायी जाये। नहरों में सिल्ट सफाई के निर्देश देते हुए उन्होंने कहा कि इसके लिए सिंचाई विभाग द्वारा विस्तृत कार्य-योजना तैयार की जाये और इसकी सूचना शासन को भी उपलब्ध करायी जाये। उन्होंने कहा कि नहरों की सफाई के समय में शासन के वरिष्ठ अधिकारी ग्रामीण क्षेत्रों में जाकर सिल्ट सफाई के कायोंZ का आकिस्मक निरीक्षण सुनिश्चित करें। वृक्षारोपण की समीक्षा करते हुए उन्होंने कहा कि इस कार्य को पूरी गम्भीरता से लिया जाये। उन्होंने कहा कि जिस प्रकार से बुन्देलखण्ड क्षेत्र के 7 हजार हेक्टेयर क्षेत्र में लगभग 21 लाख पौधे लगाने की योजना तैयार की गई है, उसी प्रकार की योजना विन्ध्याचल क्षेत्र के लिए भी तैयार की जाये। इसके अलावा उन्होंने नये जनपदों में सृजित किये गये सभी पदों को तत्काल भरने के भी निर्देश दिये।

मुख्यमन्त्री ने अधिकारियों को निर्देश दिये कि उनके स्तर से भेजे गये लिम्बत संदर्भो पर की गई कार्यवाही की सूचना उन्हें शीघ्र उपलब्ध करायी जाये। उन्होंने कहा कि इसमें किसी भी प्रकार की लापरवाही नहीं बरती जानी चाहिए। उन्होंने शासन के वरिष्ठ अधिकारियों को स्पष्ट तौर पर निर्देशित किया कि वे केवल जिला एवं तहसील मुख्यालय पर ही विकास योजनाओं आदि का आकिस्मक निरीक्षण करने के बजाय ग्रामीण क्षेत्रों में जाकर योजनाओं का स्थलीय सत्यापन करें तथा लाभार्थियों से भी मुलाकात कर फीडबैक प्राप्त करें।

सुरेन्द्र अग्निहोत्री
मो0 9415508695
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एजुकेशन लोन ठीक नहीं

Posted on 09 September 2010 by admin

झांसी -  बैंक भले ही लाख दावे करे मगर स्थिति एजुकेशन लोन की ठीक नहीं है। विदेशों में पढ़ाई करने वालों को भी लोन की व्यवस्था है, मगर अपने शहर में ऐसों का टोटा है। पढ़ाई के लिए ऋण मागने वालों की राह आसान होते नहीं दिख रही। बैंकों में तमाम औपचारिकताओं के बीच फँसे अधिकाश छात्रों के हाथ सिर्फ निराशा ही हाथ लगती है। हालाकि बैंक ऋण देने के मामले में खुद को नरम बताते है, मगर रिकवरी की गारण्टी पर पूरी प्रक्रिया कहीं न कहीं फँस जाती है।

गौरतलब है कि इण्टरमीडिएट के बाद खास कर तकनीकी और व्यवसायिक शिक्षा के लिए एजुकेशन लोन का प्रावधान है। छात्र जहा का मूल निवासी हो, वहा के बैंक से ऋण ले सकता है। पढ़ाई पूरी होने के छह माह बाद या उससे पहले नौकरी लगते ही ऋण चुकाने की प्रक्रिया शुरू कर दी जाती है।

चार लाख रुपए से ज्यादा का एजुकेशन लोन लेने वालों को गारण्टी के रूप में सम्पत्ति दर्शाना होती है। हालाकि चार लाख से कम एजुकेशन लोन लेने वालों को गारण्टी दर्शाने की छूट दी जाती है, किन्तु लोन देने से पहले बैंक रिकवरी की सम्भावनाओं पर भी गौर करता है। मैरिट व पढ़ाई में तेज स्टूडेण्ट को इसमें छूट भी मिल जाती है। मसलन आईआईटी जैसी प्रतियोगी परीक्षाओं में चयनित होने वाले छात्रों को औपचारिकताओं में छूट दी जाती है। इसके पीछे बैंकों को रिकवरी की पूरी उम्मीद की मानसिकता होती है। दूसरी ओर पढ़ाई में सुस्त स्टूडेण्ट को लोन देकर बैंक वाले रिस्क नहीं लेना चाहते।

बैंक लोन में पढ़ाई का पूरा खर्च समाहित होता है। इसमें ट्यूशन फीस के साथ ही कॉपी-किताब, एजुकेशन टूर, प्रोजेक्ट, हॉस्टल फीस जैसे सभी खर्चोü का वहन किया जाता है। ज्यादातर बैंकों द्वारा भारत में पढ़ाई के लिए अधिकतम14 लाख और विदेश में पढ़ाई के लिए बीस लाख के लोन की सीमा निर्धारित की गई है। छात्रों को राहत देने के मकसद से चार लाख तक का एजुकेशन लोन बिना किसी गारंटी के दे दिया जाता है, पर इससे ऊपर लोन प्राप्त करने के लिए लोन के बराबर की संपत्ती गारंटी के तौर पर बैंक के पास रखनी पड़ती है।

इनमें ब्याज की राशी भी काफी कम होती है। लोन की सुविधा मैनेजमेंट, इंजीनियरिंग, मेडीकल की पढ़ाई के साथ ही सामान्य पढ़ाई के लिए भी उपलब्ध कराई गई है। छात्र सामान्य कोर्सोü के लिए जरूरी दस से बीस हजार रूपये से लेकर बीस लाख तक का लोन ले सकते हैं। एजुकेशन लोन में चार लाख तक की राशी में कोई मार्जिन नहीं होता, जबिक इसके ऊपर 14 लाख तक की राशी में 15 फीसदी और बीस लाख तक की राशी में 25 फीसदी मार्जिन देना होता है।

किसका कितना लोन
बैंक - एकाउण्ट - राशी
1. पंजाब नेशनल बैंक-628- लगभग अठारह करोड़
2. स्टेट बैंक ऑफ इंडिया-228-करीब साढ़े सात करोड़
3. इलाहाबाद बैंक-135 -एक करोड़ 54 लाख
4. एक्सेस बैंक-यहां बंद - इंदौर से स्पेशल केस
5. आईसीआईसीआई- पॉलसी नहीं-मुम्बई से स्पेशल केस
6. एचडीएफसी-यहां बंद-भोपाल से स्पेशल केस



Vikas Sharma
Editor
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E-mail :editor@bundelkhandlive.com
Ph-09415060119

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बलात्कार के बाद सम्बन्ध हो गये और भी प्रगाढ़-समरीन

Posted on 09 September 2010 by admin

विधायक के महिला मित्र के कथित प्रेम प्रसंग का मामला

सुल्तानपुर- समरीन बनाम अनूप का प्रकरण दिन प्रति दिन नया मोड़ लेता जा रहा है। कल सायं प्रेस के सामने तीन साल से जीम परतों को साफ करते हुए कहा कि सदर विधायक अनूप सण्डा ने मेरे साथ बलात्कार किया। शर्म एवं संकोच के कारण मैं चुप रही। धीरे- धीरे नजदीकियां बढ़ने के कारण मेरं और अनूप के सम्बन्ध प्रगाढ़ होते चले गये।
बुधवार शाम को मीडिया से रुबरु होते हुए  समरीन ने कहा कि मेरे साथ अनूप ने विश्वासघात किया है।अभी तक मैं उनके झॉसे में रह कर  इन्तजार कियां पानी जब सिर से ऊपर गया तो वह न्याय के लिए कोतवाली पहुंची।

समरीन का आरोप है कि विधायक ने उसके साथ पत्नी की ना मौजूदगी में अपने आवास पर बुलाया और इज्जत लूट ली।बाद में उन्होनें शादी का झॉसा दिया । इस कोरे आश्वासन पर मैं चुप बैठी रही। फिलहाल इस बाबत विधायक श्री सण्डा के मोबाइल पर सम्पर्क किया गया तो मोबाइल बन्द मिला। इस समय जनपद मे उपरोक्त प्रकरण पर शहर के प्रमुख चौराहों व ग्रामीणांचलो में लोग चर्चा करते नज़र आ रहे है।

सूत्रो की माने तो इस प्रकरण में राजनैतिक रोटियां सेंकने में सण्डा विरोधी लोगो का हाथ है। जब जिले के कुछ सम्भ्रान्त व्यक्तियों से बात चीत की गई तो लोगो ने कहा कि इस प्रकरण पर बात चीत करना बेकार है।

सुरेन्द्र अग्निहोत्री
मो0 9415508695
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महिलाएं-छात्राएं हो रही शर्मसार

Posted on 09 September 2010 by admin

टैंम्पों  ड्राइवर बजा रहे अश्लील गाने

सुल्तानपुर - लोगो को बेहतर सुविधा को ध्यान में रखते हुए जिला प्रशासन ने नगर में आटो चलवाने का परमिट देकर जो अच्छे कार्य की शुरूआत किया था। पहला अच्छा काम ये हुआ कि निर्धारित किराये में लोगो को कम समय में गन्तब्य तक पहुंचाया जाय। दूसरा काम कि सैकडो बेरोजगारो को रोजगार मिल जाय, परन्तु धीरे धीरे पुलिस, यातायात पुलिस की वसूली के चलते इसमे विकार पैदा हो गया है जिसका खामियाजा महिलाओ को भुगतना पड रहा है अधिकांश आटो के ड्राइबर कम उम्र और बगैर लाइसेन्स के है।

दूसरी तरफ सभी आटो मे तेज आवाज करने वाला हार्न लगा होने के कारण ध्वनि प्रदूण पैदा किया जा रहा है, परन्तु जो सबसे अधिक गडबडी हो रही सभी आटो में टेप लगाकर गन्दे गानो का बजना जिससे महिलाओ का सिर शर्म झुक जाता है। प्रेमलता केसवानी, शीमा श्रीवास्त, पायल सोनी आदि महिलाओ ने शिकायत करते हुए कहा कि आटो चालक भोजपुरी फूहड गाने बजाते है मना करने पर और तेज ध्वनि कर देते है। महिलाओ ने कहा कि इतने गन्दे गाने बजते है कि के0एन0आई0 के छात्राओं के शर झुक जाते है और ड्राइबर मना करने पर भी नही मानते।

सुरेन्द्र अग्निहोत्री
मो0 9415508695
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संक्रामक रोगो की चपेट में कस्तूरबा गॉधी विद्यालय

Posted on 09 September 2010 by admin

सुलतानपुर - कुड़वार स्थित कस्तूरबा गॉधी आवासीय  बालिका विधालय संक्रामक  रोगों के चपेट में आ गया हैं। जिससें लगभग दर्जन भर छात्राएं अब तक बीमार हो  चुकी हैं। संक्रामक रोगो में खसरा व डायरिया की चपेट में आयी एक छात्रा को सामुदायिक स्वास्थ्य केन्द्र में भर्ती कराया गया।

सूत्रों से मिली जानकारी के अनुसार स्थानीय बाजार स्थित कस्तूरबा गांधी बालिका विद्यालय में उस समय अफरा-तफरी का माहौल देखा गया। जब विद्यालय की कुछ छात्रा को अचानक उल्टी दस्त आना शुरू हुआ। देखते ही देखते विद्यालय की सभी छात्राओं में भय का वातावरण व्याप्त हो गया।

सुरेन्द्र अग्निहोत्री
मो0 9415508695
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