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राष्ट्रीय लोक अदालत आगामी 06 दिसम्बर को

Posted on 30 August 2014 by admin

माननीय मुख्य न्यायाधिपति, सर्वोच्च न्यायालय वरिष्ठ न्यायमूर्ति, सर्वोच्च न्यायालय/माननीय कार्यपालक अध्यक्ष, राष्ट्रीय विधिक सेवा प्राधिकरण द्वारा राष्ट्रीय स्तर पर आगामी 06 दिसम्बर को राष्ट्रीय लोक अदालत आयोजित कराये जाने के निर्देश दिये गयें है। इस निर्देश के माननीय मुख्य न्यायाधिपति, इलाहाबाद उच्च न्यायालय/मुख्य संरक्षक, उत्तर प्रदेश राज्य विधिक सेवा प्राधिकरण द्वारा आगामी  20 सितम्बर को प्रस्तावित राज्य लोक अदालत को आगामी 06 दिसम्बर को आयोजित होने वाली राष्ट्रीय लोक अदालत में विलय करने का निर्णय करने के प्रस्ताव के फलस्वरूप राज्य मेगा लोक अदालत अब आगामी 20 सितम्बर को नहीं होगी।
माननीय मुख्य न्यायमूर्ति श्री धनन्जय यशवंत चन्द्रचूड़ ने प्रदेश के समस्त विभागाध्यक्षों की उच्च स्तरीय बैठक उच्च न्यायालय लखनऊ पीठ, लखनऊ के सभा कक्ष में विगत 21 अगस्त को आहूत की थी जिसमें राष्ट्रीय लोक अदालत के आयोजन को सफल व अविस्मरणीय बनाने हेतु समस्त अधिकारीगण व विभागों विशेषतः प्रशासनीक, राजस्व, चकबन्दी, पुलिस, निबन्धन विभाग के अधिकारीगण के सक्रिय सहयोग का आहवान करते हुए राष्ट्रीय लोक अदालत हेतु प्रत्येक विभाग में नोडल अधिकारी के नामांकन एवं उपयुक्त वादों के चिन्हांकन पर बल दिया गया।
माननीय मुख्य न्यायमूर्ति द्वारा विगत 22 अगस्त को उत्तर प्रदेश के समस्त जिला विधिक सेवा प्राधिकरणों के अध्यक्ष/जनपद न्यायाधीशगण, को वीडियो कान्फे्रसिंग के माध्यम से निर्देशित किया गया कि अधिकतम उपयुक्त वादों को चिन्हांकित किया जाय जिससे कि राष्ट्रीय लोक अदालत में अधिसंख्य वादों को निस्तारित कराते हुए न्यायालयों में लम्बित वादों की संख्या में प्रभावी कमी के साथ उत्तर प्रदेश में वादकारी जनता को शीघ्र न्याय सुलभ कराया जा सके।
माननीय मुख्य न्यायमूर्ति ने निर्देशित किया कि इस राष्ट्रीय लोक अदालत में सभी शमनीय दाण्डिक वादों, व्यवहार वादों, भूमि अध्याप्ति वादों, मोटर दुर्घटना प्रतिकर याचिकाओं, पारिवारिक वादों, स्टाम्प वादों, बैंक वसूली वादों, उपभोक्ता फोरम वादों, राजस्व वादों, चकबन्दी वादों, श्रम मामलों, माध्यस्थ प्रकरणों, नगरपालिका/नगर निगम टैक्स वसूली मामलों तथा चैक वाउन्स के मामलों आदि जिनमें पक्षकार पारस्परिक सद्भावना के अधीन सुलह हेतु इच्छुक होगें, को निस्तारण हेतु सूचीबद्ध किया जा। इन वादों में पक्षकारों के मध्य पारस्परिक सद्भावना जागृत करेन के उद्देश्य से प्री-ट्रीयल बैठकंे भी आयोजित किये जाने के निर्देश दिये गये हैं।

सुरेन्द्र अग्निहोत्री
agnihotri1966@gmail.com
sa@upnewslive.com

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