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कौशल विकास मिशन के अन्तर्गत वर्तमान वित्तीय वर्ष में 50 हजार बेरोजगार नवयुवकों को रोजगार परक प्रशिक्षण दिलाने का कार्य तत्काल प्रारम्भ हो: मुख्य सचिव

Posted on 17 July 2013 by admin

  • कौशल विकास मिशन के अन्तर्गत कार्यांे को सुचारू रूप से क्रियान्वित कराने के लिए राज्य स्तर पर स्टेट प्रोग्राम मैनेजमेंट यूनिट तथा प्रत्येक जनपद स्तर पर डिस्ट्रिक्ट प्रोग्राम मैनेजमेंट यूनिट का गठन: जावेद उस्मानी

उत्तर प्रदेश के मुख्य सचिव श्री जावेद उस्मानी ने निर्देश दिये हैं कि उत्तर प्रदेश कौशल विकास मिशन के अन्तर्गत वर्तमान वित्तीय वर्ष में 50 हजार बेरोजगार नवयुवकों को रोजगार परक प्रशिक्षण दिलाने का कार्य तत्काल प्रारम्भ करा दिया जाये। उन्होंने कहा कि कौशल विकास मिशन के अन्तर्गत कार्यांे को सुचारू रूप से क्रियान्वित कराने के लिए राज्य स्तर पर स्टेट प्रोग्राम मैनेजमेंट यूनिट तथा प्रत्येक जनपद स्तर पर डिस्ट्रिक्ट प्रोग्राम मैनेजमेंट यूनिट का गठन किया जायेगा।
मुख्य सचिव आज शास्त्री भवन स्थित अपने कार्यालय कक्ष के सभागार मंे उत्तर प्रदेश कौशल विकास मिशन बैठक की अध्यक्षता कर रहे थे। उन्होने कहा कि बेरोजगार नवयुवकों को रोजगार परक प्रशिक्षण दिलाने के तहत कोई प्रशिक्षण शुल्क नहीं लिया जायेगा मात्र मिशन के अन्तर्गत संचालित एस0डी0आई0 (स्किल डेवलेपमेंट इनिशिएटिव) योजना व राज्य कौशल विकास नीति के अन्तर्गत प्रशिक्षणार्थियों से मात्र 150 रूपये शुल्क के रूप में लिया जायेगा। अनुसूचित जाति, जनजाति व अल्पसंख्यक समुदाय को उक्त शुल्क में 25 प्रतिशत की रियायत प्राप्त होगी। उन्होने कहा कि यह शुल्क सफलतापूर्वक प्रशिक्षण पूर्ण करने वाले प्रशिक्षणार्थियों को वापस कर दिया जायेगा। राज्य के बजट से प्रशिक्षण मद में प्राप्त होने वाली धनराशि में से 10 करोड़ रूपये की धनराशि एक पृथक खाता खोलकर रखी जायेगी। इस धनराशि का प्रयोग एस0डी0आई0 योजना के संचालन के लिए प्रशिक्षुओं के प्रशिक्षण के पूर्व ली जाने वाली अवशेष प्रवेश शुल्क और प्रशिक्षण के उपरान्त किया जाने वाला मूल्यांकन शुल्क की धनराशि के लिए किया जायेगा।
श्री उस्मानी ने कहा कि मिशन द्वारा संचालित समस्त पाठ्यक्रमों को सुसंगत केन्द्रीय पुरोनिर्धारित योजनाओं के दिशानिर्देशों को दृष्टिगत रखते हुए मानकीकरण किया जायेगा तथा मानकीकृत पाठ्यक्रम के आधार पर प्रत्येक कोर्स की दर अधिसूचित की जायेगी। उन्होने कहा कि इस व्यवस्था हेतु मिशन निदेशक कौशल विकास मिशन, वित्त विभाग के संयुक्त सचिव या विशेष सचिव स्तर के अधिकारी तथा राज्य ग्रामीण आजीविका मिशन के एक प्रतिनिधि सहित छः सदस्यीय समिति होगी। उन्होने कहा कि यह समिति प्रत्येक सेक्टर के लिए शिक्षा, औद्योगिक तथा प्रशिक्षण प्रदाताओं में से कम से कम तीन विशेषज्ञों के माध्यम से उपसमितियां गठित करेगी। प्रत्येक उपसमिति संबंधित सेक्टर के संबंध में दी गई संस्तुतियों पर विचार करते हुए मिशन के अन्तर्गत संचालित किये जाने वाले पाठ्यक्रमों को चिन्हित करेगी।
बैठक में प्रमुख सचिव प्राविधिक शिक्षा श्री नीरज गुप्ता, प्रमुख सचिव व्यवसायिक शिक्षा श्री आलोक कुमार, प्रमुख सचिव ग्राम्य विकास श्री अरूण सिंघल, सचिव वित्त श्री हिमांशु कुमार, विशेष सचिव, व्यवसायिक शिक्षा श्री विकास गोटवाल सहित अन्य वरिष्ठ अधिकारीगण उपस्थित थे।

सुरेन्द्र अग्निहोत्री
agnihotri1966@gmail.com
sa@upnewslive.com

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