Categorized | Latest news, लखनऊ.

राष्ट्रीय खाद्य प्रसंस्करण मिशन योजना के अन्तर्गत भारत सरकार द्वारा वर्ष 2012-13 के लिए 26.71 करोड़ रूपये की धनराशि का परिव्यय स्वीकृत

Posted on 19 February 2013 by admin

  • भारत सरकार की योजना की गाइड लाइन के अनुसार  प्रदेश मंे खाद्य प्रसंस्करण सेक्टर के सर्वांगीण विकास हेतु जनपदवार विजन डाक्यूमेन्ट तैयार कराया जाए: मुख्य सचिव
  • फूड प्रोसेसिंग कोर्स में व्यापक प्रशिक्षण दिलाने हेतु इंजीनियरिंग कालेजों एवं आई0टी0आई0 आदि संस्थाओं के साथ यथाशीघ्र बैठक आयोजित हो: जावेद उस्मानी

प्रदेश में अनुकूल वातावरण, क्षेत्र विस्तार, रोजगार सृजन, पूंजी निवेश को बढ़ावा देने एवं मास्टर प्लान बनाने के उद्देश्य से विजन डाक्यूमेन्ट तैयार कराने से पूर्व उद्योग बन्धु, उद्योग विभाग स्टेक होल्डर्स से भी विचार-विमर्श कर भारत सरकार की संस्था निफ्टम से कराया जाए। राष्ट्रीय खाद्य प्रसंस्करण मिशन योजना के अन्तर्गत भारत सरकार द्वारा वर्ष 2012-13 के लिए 26.71 करोड़ रूपये की धनराशि का परिव्यय स्वीकृत किया गया है। जिसमें 75 प्रतिशत केन्द्रांश तथा 25 प्रतिशत राज्य सरकार द्वारा राज्यांश के रूप में निहित होगा। भारत सरकार की योजना की गाइड लाइन के अनुसार प्रदेश मंे खाद्य प्रसंस्करण सेक्टर के सर्वांगीण विकास हेतु जनपदवार विजन डाक्यूमेन्ट तैयार कराया जाए।
उत्तर प्रदेश के मुख्य सचिव श्री जावेद उस्मानी आज शास्त्री भवन स्थित अपने कार्यालय कक्ष के सभागार में स्टेट लेवल प्रीपेरेटरी एक्टीविटी अप्प्रूवल समिति एवं स्टेट लेवल इम्पावर्ड समिति की बैठक की अध्यक्षता कर रहे थे। उन्होंने कहा कि राष्ट्रीय खाद्य प्रसंस्करण मिशन योजना के अन्तर्गत आवश्यक प्रबन्धकीय एवं तकनीकों को उद्यमियों को सुलभ कराने के लिए मुख्यालय स्तर पर प्रोजेक्ट मनीटरिंग का गठन किया जाए, जो प्रदेश स्तर से प्राप्त होने वाले खाद्य प्रसंस्करण आधारित परियोजना प्रस्तावों के अप्प्रेजल हेतु कंसलटेन्सी सेवाएं उपलब्ध करायें। उन्होंने विभागीय अधिकारी एवं कर्मचारियों के दक्षता विकास के प्रशिक्षण कार्यक्रम भी आयोजित कराने के निर्देश दिए।
श्री उस्मानी ने निर्देश दिए हैं कि राष्ट्रीय खाद्य प्रसंस्करण मिशन योजना के अन्तर्गत क्रियान्वित करायी जा रही योजनाओं की विस्तृत जानकारी 03 दिन के अन्दर सम्बन्धित विभागों में भी उपलब्ध करा दी जाए, ताकि इच्छुक विभाग निर्धारित गाइड लाइन के अनुसार अपना प्रस्ताव आगामी 03 दिन में प्रस्तुत कर सके। फूड प्रोसेसिंग कोर्स में व्यापक प्रशिक्षण दिलाने हेतु इंजीनियरिंग कालेजों एवं आई0टी0आई0 आदि संस्थाओं के साथ यथाशीघ्र बैठक आयोजित करायी जाए। राष्ट्रीय खाद्य प्रसंस्करण मिशन का व्यापक प्रचार-प्रसार कराने हेतु मण्डल एवं जनपद स्तर पर उच्चाधिकारियों की अध्यक्षता में बैठकें आयोजित करायी जायें। उन्होंने कहा कि प्रदेश में खाद्य प्रसंस्करण उद्योगों, नवीन उद्योगों की स्थापना एवं आधुनिकीकरण उन्नयन, गैर बागवानी उपजों के लिए कोल्ड चैन श्रंृखला से संबंधित आधारभूत सुविधाओं का सृजन कराने हेतु खाद्य प्रसंस्करण प्रौद्योगिकी में डिग्री/डिप्लोमा पाठ्यक्रम चलाने के लिए अवसंरचना सुविधाएं, उद्यमशीलता विकास पाठ्यक्रम तथा प्रोत्साहनात्मक कार्यकलाप से संबंधित योजनाआंे का व्यापक प्रचार-प्रसार कराया जाए, ताकि अधिक से अधिक निजी क्षेत्र में पंूजी निवेश किए जाने पर उद्यमी आकर्षित हो सकें।
बैठक में कृषि उत्पादन आयुक्त श्री आलोक रंजन, प्रमुख सचिव पशुधन श्री योगेश कुमार, प्रमुख सचिव लघु उद्योग श्री मुकुल सिंघल, राष्ट्रीय खाद्य प्रसंस्करण मिशन के निदेशक श्री ओ0एन0 सिंह सहित अन्य उच्च अधिकारी उपस्थित थे।

सुरेन्द्र अग्निहोत्री
agnihotri1966@gmail.com
sa@upnewslive.com

Leave a Reply

You must be logged in to post a comment.

Advertise Here

Advertise Here

 

March 2026
M T W T F S S
« Sep    
 1
2345678
9101112131415
16171819202122
23242526272829
3031  
-->









 Type in