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गन्ना किसानो को इस साल पहले से ज्यादा लाभ

Posted on 06 February 2013 by admin

समाजवादी पार्टी के प्रदेश प्रवक्ता श्री राजेन्द्र चैधरी ने कहा है कि गन्ना किसानो को इस साल पहले से ज्यादा लाभ हुआ है और चीनी उत्पादन भी ज्यादा हुआ है। चीनी मिलों ने 37 लाख टन चीनी का उत्पादन कर लिया है जो 40 लाख टन तक हो जाने का अनुमान है। राज्य में गन्ने से चीनी प्राप्ति की दर 8Û86 प्रतिशत है।

7 दिसम्बर,2012 को मुख्यमंत्री श्री अखिलेश यादव ने 2012-13 लिए गन्ने के राज्य समर्थित मूल्य (एसएपी) घोषणा की थी। इसके तहत सामान्य किस्म के लिए एसएपी 280 रूपए प्रति कुंतल है जबकि बसपा राज में यह 240 रूपए प्रति कुंतल थी। यह मूल्य 2011-12 की तुलना से 17 प्रतिशत अधिक था। इसके अतिरिक्त शुरूआती और अस्वीकृत किस्मों की कीमतें 250 रूपए प्रति कुंतल और 235 रू0 प्रति कुंतल से बढ़ाकर क्रमशः 290 और 275 रूपए प्रति कुंतल कर दी गई।

समाजवादी पार्टी की सरकार किसानों की अपनी सरकार है। इसलिए प्रति कुंतल दाम बढ़ोत्तरी से किसानों को इस पेराई सत्र में 21,500 करोड़ रूपए की प्राप्ति होगी जो 2011-12 में 18,200 करोड़ रूपए थी। प्रदेश में अब 24 जिलों में नई शुगर मिलों की स्थापना, उनके साथ सह उत्पादन प्लांट और डिस्टलरी प्लांट लगाने की सुविधाएं होगी। उम्मीद है कि इससे प्रदेश चीनी उत्पादन में फिर देश में अव्वल नम्बर पर आ जाएगा। इससे पूर्व जब श्री मुलायम सिंह यादव मुख्यमंत्री थे तब सकल चीनी उत्पादन का 40 प्रतिशत अंश उत्पादित कर देश में कुल चीनी उत्पादन में उत्तर प्रदेश पहले स्थान पर रहा। कुल उत्पादन तब 50,32 लाख टन रहा था।

सरकार की किसान हितैषी नीतियों के कारण 6 महीने के अंदर किसानों को 17812,37 करोड़ रूपए का गन्ना मूल्य भुगतान कराया गया। पिछली सरकार के समय के बकायों के भुगतान पर कार्यवाही करते हुए इसी अवधि में गन्ना किसानों को सहकारी, निगम क्षेत्र एवं निजी क्षेत्र की चीनी मिलों पर पेराई सत्र 2006-07 व 2007-08 का देय बकाया अंतर गन्ना मूल्य भुगतान क्रमशः 123,68 करोड़ रूपए और 759,76 करोड़ रूपए, कुल 883,64 करोड़ रूपए का भुगतान भी कराया गया।

समाजवादी पार्टी ने किसानों को फसल का लाभकारी मूल्य दिलाने और उनको खाद, बीज की किल्लत न होने देने का पूरा प्रबंध कर रखा है। इस सरकार ने खाद संकट का पहले से अंदाजा लगाते हुए पहली बार बफर गोदाम के साथ-साथ सहकारी समिति स्तर पर उर्वरक का अग्रिम भंडारण (प्रिपोजिशनिंग) करने का निर्णय लिया और इस हेतु वर्ष 2012-13 के बजट में 100,00 करोड़ रूपए का प्राविधान किया गया है।

सुरेन्द्र अग्निहोत्री
agnihotri1966@gmail.com
sa@upnewslive.com

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