Categorized | लखनऊ.

11 जनपदों में कम ऋण जमा अनुपात पर चिन्ता व्यक्त

Posted on 27 July 2012 by admin

उत्तर प्रदेश के कृषि उत्पादन आयुक्त श्री आलोक रंजन ने पूर्वी उत्तर प्रदेश के 11 जनपदों में कम ऋण जमा अनुपात पर चिन्ता व्यक्त करते हुए सम्बन्धित जिलाधिकारियों को ऋण जमा अनुपात बढ़ाने हेतु डिस्ट्रिक्ट क्रेडिट इम्प्रूवमेण्ट प्लान तैयार करने के निर्देश दिए हैं। उन्होनंे कहा है कि बैंको से ऋण पाने वाले लाभार्थियों का आधार विस्तृत करते हुए गरीब और कमजोर तबके के गृह उद्यमियों, पशुपालकों, सीमान्त एवं पट्टे पर खेती करने वालों, फुटकर दूकानदारों आदि को भी ऋण लाभार्थियों में शामिल कराने का सुझाव दिया है।
कृषि उत्पादन आयुक्त ने आज यहां जारी शासनादेश में इस बात पर चिन्ता व्यक्त की है कि पूर्वी उत्तर प्रदेश के मऊ, आजमगढ़, चन्दौली, जौनपुर, गाजीपुर, औरैया, बलिया, देवरिया, प्रतापगढ़, इलाहाबाद और सुल्तानपुर में ऋण जमा अनुपात रिजर्व बैंक के गाइड लाइन्स से बहुत कम मात्र 18 से 30 प्रतिशत के मध्य है। उन्होने कहा कि इन जनपदों के अलावा पूरे प्रदेश का भी औसत ऋण जमा अनुपात मात्र 48 प्रतिशत ही है, जबकि इसे 60 प्रतिशत होना चाहिए।
श्री आलोक रंजन ने कहा है कि कम ऋण -जमा अनुपात मुद्दे पर विस्तृत विचार-विमर्श के बाद यह निश्चित किया गया है कि सबसे पहले 20 से 30 प्रतिशत के मध्य जिन जनपदों का ऋण जमा अनुपात है उनके लिए  डिस्ट्रिक्ट क्रेडिट इम्प्रूवमेण्ट प्लान तैयार किया जाय और इस विशेष ऋण जमा योजना में जनपद के उपलब्ध पोटेन्शियल के अनुरूप पशुपालन, उद्यान, शिक्षा एवं रिटेल क्षेत्रों में ऋण वितरण के लिए निर्धारित लक्ष्य की वृद्धि के लिए परिणामजनक प्रयास किए जायें। उन्होने कहा कि बैंको को ऋण जमा अनुपात बढ़ाने के लिए अपने द्वारा दिए जाने वाले अग्रिमो का आधार और अधिक बढ़ाये जाने के लिए पूर्वी उत्तर प्रदेश में पहले से ही प्रयास किए जा रहे हैं और समय-समय पर मुख्य सचिव द्वारा दिशा-निर्देश भी भेजे गये हैं।
कृषि उत्पादन आयुक्त ने जिलाधिकारियों से कहा है कि डिस्ट्रिक्ट क्रेडिट इम्प्रूवमेण्ट प्लान तैयार कर जनपद के बैंको और राज्य के विकास सम्बन्धी विभागों के मध्य घनिष्ठ समन्वय स्थापित करायें और इसका पूरा लाभ ऋण वितरण बढ़ाकर गरीब और कमजोर तबकों को प्राप्त करायें। उन्होने इस सम्बन्ध में किए जा रहे प्रयासों और व्यवस्थाओं से समय-समय पर कृषि उत्पादन आयुक्त समय संस्थागत वित्त विभाग को अवगत कराने के निर्देश देते हुए कहा है कि यदि इस व्यवस्था के कार्यान्वयन में किसी कार्यदायी एजेन्सी अथवा बैंक विशेष से कोई समस्या उत्पन्न हो रही हो तो उसे तत्काल संज्ञान में लाया जाय ताकि शासन स्तर से उस समस्या का निराकरण कराया जा सके।

सुरेन्द्र अग्निहोत्री
agnihotri1966@gmail.com
sa@upnewslive.com

Leave a Reply

You must be logged in to post a comment.

Advertise Here

Advertise Here

 

March 2026
M T W T F S S
« Sep    
 1
2345678
9101112131415
16171819202122
23242526272829
3031  
-->









 Type in