Categorized | लखनऊ.

संभावित सूखे से निपटने के लिये निर्देश जारी करें

Posted on 07 July 2012 by admin

उत्तर प्रदेश के मुख्य सचिव श्री जावेद उस्मानी ने समस्त प्रमुख सचिवों एवं सचिवों को निर्देश दिये कि संभावित सूखे से निपटने के लिये अपने विभागीय अधिकारियों को आगामी 02 दिन के अन्दर कार्य योजना बनाकर दिशा-निर्देश जारी करें। उन्होंने प्रमुख सचिव राजस्व को भी निर्देश दिये हैं कि आगामी 03 दिन के अन्दर मण्डलायुक्तों एवं जिलाधिकारियों को संभावित सूखे से जनमानस को राहत प्रदान करने के लिये विभागवार कार्य योजना बनाकर अनुश्रवण करने हेतु दिशा-निर्देश निर्गत करें। उन्होंने कहा कि पशुओं के पेयजल हेतु सिंचाई विभाग की नहरों, नलकूपों, निजी नलकूपों के माध्यम से समस्त तालाब एवं पोखरों को भरवाने की व्यवस्था तत्काल सुनिश्चित करा दी जाये। उन्होंने कहा कि खेतिहर मजदूरों एवं अन्य जरूरतमन्द लोगों को रोजगार के अवसर उपलब्ध कराने की पर्याप्त व्यवस्था सुनिश्चित करा ली जाये। उन्होंने कहा कि सूखे से फसलों में संभावित रोगों के बचाव हेतु कीटनाशक दवाओं की समुचित व्यवस्था भी सुनिश्चित करा ली जाये। उन्होंने कहा कि वैकल्पिक फसलों के साथ-साथ पर्याप्त खाद्य एवं बीज के प्रबन्ध की व्यवस्था भी सुनिश्चित करा ली जाये।
मुख्य सचिव आज शास्त्री भवन स्थित अपने कार्यालय कक्ष के सभागार में संभावित सूखे की तैयारी के सम्बन्ध में आयोजित बैठक की अध्यक्षता कर रहे थे। उन्होंने कहा कि सम्भावित महामारी के नियंत्रण हेतु दवाओं का चिन्हांकन कर समुचित स्टाक की व्यवस्था के साथ-साथ 59 लाख वैकसीन गला घोटू की दवा उपलब्ध करा दी गयी है। उन्होंने कहा कि प्रदेश में सिंचाई के सभी संसाधनों एवं सरकारी नलकूपों को चालू स्थिति मंे रखा जाये। उन्होंने कहा कि लगभग 29,595 नलकूपों में से लगभग 500 खराब नलकूपों को तत्काल ठीक करा दिया जाये। उन्होंने कहा कि नहरों को रोस्टर के अनुसार चलाये जाने की व्यवस्था के साथ-साथ नहरों के अवैध कटान पर कड़ी निगरानी की व्यवस्था सुनिश्चित करायी जाये। उन्होंने कहा कि पशु चिकित्सालय में पशुओं के उपचार के संसाधन एवं दवाओं की समुचित व्यवस्था सुनिश्चित कराने के साथ-साथ पशुओं के चारे के अभाव की स्थिति से निपटने हेतु कार्ययोजना तत्काल तैयार कर ली जाये।
श्री उस्मानी ने खाद्य एवं रसद विभाग के अधिकारियों को निर्देश दिये कि कुपोषण की स्थिति से निपटने हेतु कार्य योजना बनायी जाये तथा आकस्मिकता हेतु आवश्यक खाद्यान्न एवं उपभोक्ता वस्तुओं की उपलब्धता सुनिश्चित कराने हेतु अभी से तैयारी कर ली जाये। उन्होंने कहा कि मनुष्यों को लू, संक्रामक रोगों एवं महामारियों से बचाने के लिये आवश्यक निषेधात्मक व्यवस्था एवं सघन चिकित्सीय व्यवस्था तथा महामारियों से नियंत्रण हेतु वांछित दवाओं का चिन्हांकन कर समुचित स्टाक की व्यवस्था हेतु अभी से ही तैयारी कर ली जाये। उन्होंने खराब ट्रांसफार्मरों को निर्धारित अवधि में बदलने की व्यवस्था सुनिश्चित कराते हुए रोस्टर के अनुसार निर्धारित समय में निर्वाध विद्युत आपूर्ति हेतु व्यवस्था सुनिश्चित कराने हेतु अभी से कार्य योजना बनाने के निर्देश दिये।
मुख्य सचिव ने कहा कि पेयजल के सभी स्रोतों एवं संसाधनों की उचित मरम्मत तत्काल करा ली जाये ताकि आवश्यकतानुसार उपयोग किया जा सके। उन्होंने खराब नलकूपों को समय से मरम्मत सुनिश्चित कराने के साथ-साथ पेयजल के कुओं एवं हैण्डपम्पों को आवश्यकतानुसार गहरा कराने के भी निर्देश दिये। उन्होंने पानी की समस्या के निराकरण हेतु कठिनाई वाले क्षेत्रों में विशेष ध्यान देने पर बल देते हुए कहा कि पेयजल की सम्भावित समस्या के समाधान हेतु कार्य योजना तत्काल बना ली जाये।
बैठक में कृषि उत्पादन आयुक्त श्री आलोक रंजन, प्रमुख सचिव ग्राम्य विकास श्री राजीव कुमार, प्रमुख सचिव राजस्व श्री योगेश कुमार, सचिव सिंचाई श्री एस0पी0 गोयल सहित अन्य वरिष्ठ अधिकारीगण उपस्थित थे।

सुरेन्द्र अग्निहोत्री
agnihotri1966@gmail.com
sa@upnewslive.com

Leave a Reply

You must be logged in to post a comment.

Advertise Here

Advertise Here

 

July 2026
M T W T F S S
« Sep    
 12345
6789101112
13141516171819
20212223242526
2728293031  
-->









 Type in