Categorized | Latest news, लखनऊ.

जिन सेतुओं की आधारशिला रखी जा चुकी है, उन्हें एक वर्ष में पूरा करें-मुख्यमंत्री

Posted on 22 March 2012 by admin

  • सड़क निर्माण परियोजनाओं की समस्याओं का तत्काल समाधान किया जाये
  • मार्गों के रख-रखाव व निर्माण के लिये प्रभावी नीति लागू करें
  • वृक्षारोपण में 08 से 12 फीट ऊँचाई के पौधों का रोपण किया जाय
  • वन विभाग से जे0आई0सी0ए0 परियोजना की विस्तृत रिपोर्ट तलब
  • पर्यटक स्थलों की सफाई एवं अन्य आधारभूत सुविधायें उपलब्ध कराने पर विशेष ध्यान दिया जाये
  • पर्यटकों को लेकर आगरा या प्रदेश के अन्य शहरों के लिए आने वाली बसों को दिल्ली में ही ई-सुविधा द्वारा परमिट दिलाने की व्यवस्था की जाये
  • मुख्यमंत्री ने लोक निर्माण, वन एवं पर्यटन विभागों की समीक्षा की

उत्तर प्रदेश के मुख्यमंत्री श्री अखिलेश यादव ने आज यहां एनेक्सी स्थित अपने सभाकक्ष में लोक निर्माण, वन एवं पर्यटन विभाग के कार्यों की विस्तृत समीक्षा की एवं इन विभागों द्वारा संचालित योजनाओं की जानकारी प्राप्त की। इस अवसर पर उन्होंने निर्देश दिये कि उनकी पार्टी द्वारा विधानसभा चुनाव के दौरान राज्य की जनता से किये वादों को, अधिकारी गम्भीरता से लेते हुए तत्परता से लागू करें। उन्हांेंने कहा कि प्रदेश में बड़ी संख्या में बेरोजगारों की संख्या को देखते हुए योजनाओं के संचालन में रोजगार सृजन को विशेष प्राथमिकता दें। समीक्षा के दौरान लोक निर्माण मंत्री श्री शिवपाल सिंह यादव, जन्तु उद्यान राज्य मंत्री श्री शिव प्रताप यादव, पर्यटन राज्य मंत्री श्री मूलचन्द्र चैहान एवं प्रोटोकाल राज्य मंत्री श्री अभिषेक मिश्रा भी उपस्थित थे।
लोक निर्माण विभाग, राष्ट्रीय राजमार्ग प्राधिकरण (एन0एच0ए0आई0) तथा राष्ट्रीय राजमार्ग की विभिन्न परियोजनाओं की समीक्षा करते हुए मुख्यमंत्री ने कहा कि मार्गों एवं पुलियों का निर्माण समय एवं उच्च गुणवत्ता के साथ पूरा किया जाये। उन्होंने कहा कि मई 2007 से पूर्व जिन सेतुओं की आधारशिला रखी जा चुकी है और बीच में उनका कार्य रोक दिया गया था, उन्हें एक वर्ष में पूर्ण करें। इसके अलावा मई 2007 के बाद जिन सेतुओं की आधारशिला रखी गयी है, उनका भी कार्य परियोजना की शर्तों के अनुसार समय से पूरा किया जाये। उन्होंने जिला मुख्यालयों को चार लेन की सड़कों से जोड़ने तथा नई दिल्ली को लखनऊ से जोड़ने हेतु न्यूनतम दूरी की परियोजना तत्काल तैयार करने के निर्देश दिये। इसी प्रकार उन्होंने राजधानी लखनऊ में माल एवेन्यू एवं डालीगंज रेलवे क्रासिंग पर फ्लाई ओवर बनाने, लोहिया पथ को चैड़ा करने की कार्यवाही भी शीघ्र शुरु करने के लिए कहा। उन्होंने लखनऊ से नेपाल को जोड़ने के लिए लखनऊ - बहराईच - नेपाल तथा लखनऊ - गोरखपुर - सोनौली - नौतनवा रूट की फिजिबिलिटी रिपोर्ट तैयार करने के निर्देश भी दिये।
मुख्यमंत्री ने लखनऊ से रायबरेली के लिए प्रस्तावित चार लेन सड़क की समीक्षा करते हुए कहा कि रायबरेली से इलाहाबाद तक भी मार्ग को चार लेन का बनाया जाये। उन्होंने कहा कि यदि इस कार्य में कोई बाधा आ रही है तो भारत सरकार के सम्बन्धित मंत्रालय से सम्पर्क कर समस्या का निराकरण कराया जाये। उन्होंने इस परियोजना पर शीघ्र कार्य शुरु करने के निर्देश दिये। एन0एच0ए0आई0 की परियोजनाओं में आ रही समस्याओं के तत्काल समाधान के निर्देश देते हुए उन्होंने कहा कि वन विभाग सहित सभी सम्बन्धित विभाग, सड़क परियोजनाओं को प्राथमिकता देते हुए अपने विभाग से सम्बन्धित समस्याओं का तत्काल निराकरण करें ताकि इन सड़कों का लाभ प्रदेश की जनता को शीघ्र मिल सके। उन्होंने कहा कि मार्गों के रख-रखाव व निर्माण के लिये प्रभावी नीति लागू की जाये, जिसमें सड़क का निर्माण करने वाली संस्था को निर्धारित समय तक उसके रख-रखाव की जिम्मेदारी भी सौंपी जाये। उन्हांेने राजकीय निर्माण निगम को कन्नौज एवं आजमगढ़ के निर्माणाधीन मेडिकल कालेजों को शीघ्र पूरा करने के निर्देश देते हुए कहा कि गांवों के सभी मजरों को सम्पर्क मार्गों से जोड़े जाने को प्राथमिकता दी जाये।
वन विभाग की समीक्षा करते हुए मुख्यमंत्री ने उत्तर प्रदेश सहभागी वन प्रबन्ध एवं निर्धनता उन्मूलन (जे0आई0सी0ए0) परियोजना की विस्तृत रिपोर्ट उपलब्ध कराने के निर्देश दिये। ज्ञातव्य है कि यह परियोजना जापान इन्टरनेशनल को-आपरेशन द्वारा सहायतित वर्ष 2008-09 से वर्ष 2015-16 तक के लिए स्वीकृत है। विभाग द्वारा अब तक इस परियोजना के तहत 14 जनपदों के 20 वन प्रभागों में 10 हजार हेक्टेअर भूमि पर वृक्षारोपण करने की बात कही जा रही है। इस अवसर पर उन्होंने कहा कि वन विभाग द्वारा किये जा रहे वृक्षारोपण में ग्रीन बेल्ट को प्राथमिकता दी जानी चाहिये, ताकि विभाग द्वारा किये गये कार्य का प्रत्यक्ष असर दिखाई पड़े। उन्होंने कहा कि प्रदेश में ग्रीन बेल्ट के विकास के लिए प्रत्येक जनपद में 03 से 04 स्थल चिन्ह्ति कर लिये जाये। इसके अलावा इको टूरिज्म के क्षेत्र में कुछ क्षेत्रों को चिन्ह्ति कर लिया जाये तथा उस क्षेत्र के विकास के लिए परियोजना तैयार की जाय।
मुख्यमंत्री ने यह निर्देश भी दिए कि वृक्षारोपण में 08 से 12 फीट ऊँचाई के पौधों का रोपण किया जाय। रहमानखेड़ा, लखनऊ में आये बाघ के सम्बन्ध में जानकारी प्राप्त करने के पश्चात उन्होंने निर्देश दिए कि बाघ को शीघ्रताशीघ्र पकड़ कर वन क्षेत्र में वापस भेजने का कार्य किया जाय। उन्होंने इटावा स्थित लायन सफारी की योजना पुनर्जीवित करते हुए तत्काल कार्यवाही करने के निर्देश देते हुए कहा कि दुधवा राष्ट्रीय उद्यान के विकास के लिए आवश्यक योजना भी तैयार की जाय। दुधवा पहुंचने के लिए मार्गों के चैड़ीकरण/सुदृढ़ीकरण की आवश्यकता पर बल देते हुए उन्होंने निर्देश दिए कि इस सम्बन्ध में शीघ्र ही कार्य योजना तैयार की जाए।
मुख्यमंत्री ने निर्देशित किया कि राष्ट्रीय राजमार्ग प्राधिकरण द्वारा उपलब्ध करायी गयी सूची के अनुसार जिन सड़कों के चैड़ीकरण में वन भूमि के गैर वानिकी प्रयोग हेतु भारत सरकार से स्वीकृति की आवश्यकता है, उस पर तत्काल कार्यवाही की जाय। इसके अलावा उन्होंने गोमती नगर एक्सटेंशन, लखनऊ में वन विभाग द्वारा विकसित किये गये वन क्षेत्र में साइकिल ट्रैक/आम लोगों को टहलने के लिए इस प्रकार की पट्टी तैयार करने के आदेश दिये, जिससे वन क्षेत्र का पर्यावरण प्रभावित न हो।
मुख्यमंत्री ने पर्यटन विभाग के कार्यों की समीक्षा करते हुए कहा कि इस क्षेत्र में रोजगार की काफी संभावना है। उन्होंने कहा कि उत्तर प्रदेश में सांस्कृतिक, धार्मिक एवं ऐतिहासिक परम्परा को संजोए कई शहर एवं स्थान हैं। यदि इनको उचित ढंग से प्रचारित एवं प्रसारित किया जाये तो राज्य में पर्यटन को काफी बढ़ावा मिल सकता है और स्थानीय युवकों को भी बड़ी संख्या में रोजगार मिल सकता है। उन्होंने कहा कि पर्यटक स्थलों की सफाई एवं अन्य आधारभूत सुविधायें उपलब्ध कराने पर विशेष ध्यान दिया जाना चाहिये। उन्होंने दिल्ली से पर्यटकों को लेकर आगरा या प्रदेश के अन्य शहरों के लिए आने वाली बसों को दिल्ली में ही ई-सुविधा द्वारा परमिट दिलाने की व्यवस्था करने के निर्देश देते हुए कहा कि ऐसे मामलों में जहां आवश्यक हो विभागीय कार्य प्रणाली में तत्काल संशोधन किये जायें। इसके अलावा उन्होंने ताज महल के पास ताजगंज वार्ड एवं उसके आस-पास के उद्यानों को विश्वस्तरीय मानकों पर व्यवस्थित करने के लिए परियोजना तैयार कर आवश्यक कार्यवाही करने के निर्देश दिये।
बैठक में मुख्य सचिव श्री अनूप मिश्र, वन विभाग के प्रमुख सचिव श्री चंचल कुमार तिवारी, मुख्यमंत्री की सचिव श्रीमती अनीता सिंह, लोक निर्माण विभाग के सचिव श्री संजीव दुबे तथा पर्यटन विभाग के सचिव श्री मनोज कुमार सहित अन्य अधिकारी एवं अभियन्ता उपस्थित थे।

सुरेन्द्र अग्निहोत्री
मो0 9415508695
upnewslive.com

Leave a Reply

You must be logged in to post a comment.

Advertise Here

Advertise Here

 

June 2026
M T W T F S S
« Sep    
1234567
891011121314
15161718192021
22232425262728
2930  
-->









 Type in