डीआरएम के आदेश के बावजूद नही हट सका अवैध कब्जा

Posted on 07 February 2011 by admin

• सौन्दयीZकरण के नाम पर हो रहा है लाखों का वारा-न्यारा

उत्तर रेलवे पूर्वी कालोनी की जमीन पर अवैध रूप से रेल कर्मी द्वारा कब्जा कर मकान बना लिए जाने व एलाट क्वार्टर को किराये पर दिए जाने की िशकायत 20 जनवरी को दौरे पर आये डीआरएम से हुई थी। िशकायत के मद्देनज़र सम्बन्धित अधिकारी को जॉच कर अवैध निर्माण को संज्ञान में लेकर कार्यवाही करने के लिए कहा था। गौरतलब को कि पन्द्रह दिन बीत जाने के बाद भी डीआरएम जे यस सोढ़ी का आदेश एडीईएन आर के सैनी ने ताक पर रख दिया। जिससे मनबढ़ विद्युत रेल कर्मी पी एन यादव द्वारा बनाये गये रेलवे की जमीन पर अवैध कब्जा ज्यों का त्यों बना हुआ है। महकमें में चर्चा है कि श्री यादव के अवैध बनाये गये मकान में रेलवे निर्माण विभाग की सम्पत्ति की सामग्री का दुरूपयोेग खुलकर किया गया है। सूत्रों की माने तो इस निर्माण में एडीईएन की मौन अनुमति शामिल है। जिसके कारण उनके अपने विभाग की निर्माण सामग्री उक्त अवैध मकान में लगी है। डीआरएम का आदेश निर्माण विभाग के अधिकारी व कब्जेदार कर्मचारी के लिए कोई मायने नही रखता। ज्ञात हो कि सुलतानपुर रेलवे स्टेशन को माडल रूप दिये जाने का कार्य जारी है। इसमें भी निर्माण विभाग की मिली भगत से घटिया सामग्री का खुलकर प्रयोग किया जा रहा है।

इतना ही नही रेलवे स्टेशन के सौन्दयीZकरण का जायजा लेने वालेे बाहर से आने वाले अधिकारी भी केवल औपचारिकता पूरी कर वापस चले जाते हैं। यदि इन अधिकारियों से हो रही गड़बड़ी की कोई िशकायत करता है तो उसे दूसरे विभाग का मामला कह कर अपने सिर से बला टाल जाते हैं। यही नहीं स्टेशन पर हो रही गड़बड़ी व अव्यवस्था को लेकर कुछ दिनो पूर्व भारतीय किसान मजदूर फाउण्डेशन द्वारा रेलवे स्टेशन पर प्रदशZन कर महा प्रबन्धक रेलवे के नाम सम्बोधित ज्ञापन स्टेशन अधीक्षक को सौंपा, जिसमें यह मांग की गई थी कि स्टेशन पर हो रही गड़बड़ी को रोकने तथा प्लेटफार्म नम्बर एक का विस्तारीकरण न किया गया तो आगामी दिनों में महा प्रबन्धक के सुलतानपुर आगमन पर उनका घेरावकर काला झण्डा दिखाया जायेगा।

सुरेन्द्र अग्निहोत्री
मो0 9415508695
upnewslive.com

Leave a Reply

You must be logged in to post a comment.

Advertise Here

Advertise Here

 

June 2026
M T W T F S S
« Sep    
1234567
891011121314
15161718192021
22232425262728
2930  
-->









 Type in